आज (1 नवंबर 2025) सुबह आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम जिले के काशीबुग्गा स्थित वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर में एक दर्दनाक हादसा हो गया। एकादशी (Ekadashi) के अवसर पर मंदिर में भारी भीड़ उमड़ने के कारण भगदड़ मच गई, जिसमें कम से कम 9 श्रद्धालुओं की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए। यह घटना मंदिर के प्रवेश द्वार पर हुई, जहां हजारों भक्त दर्शन के लिए जमा थे। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने हादसे पर शोक व्यक्त किया है और घायलों को तत्काल चिकित्सा सहायता के निर्देश दिए हैं।घटना का विवरण
- समय और स्थान: हादसा आज सुबह करीब 6-7 बजे काशीबुग्गा के वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर में हुआ। एकादशी के पावन अवसर पर विशेष पूजा और दर्शन के लिए भक्तों की भारी भीड़ मंदिर पहुंची थी। अचानक भीड़ बढ़ने और प्रबंधन की कमी से अफरा-तफरी मच गई, जिससे लोग आपस में ठोकर खा गए।
- मृतक और घायल: आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 9 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें महिलाएं और बुजुर्ग शामिल हैं। लगभग 20-25 लोग घायल हैं, जिन्हें नजदीकी अस्पतालों (जैसे श्रीकाकुलम मेडिकल कॉलेज) में भर्ती कराया गया है। कुछ रिपोर्ट्स में मौतों की संख्या 6 बताई गई है, लेकिन नवीनतम अपडेट्स में 9 की पुष्टि हुई है।
- कारण: मुख्य रूप से भीड़ प्रबंधन की कमी, संकरी जगह और अचानक उमड़ने वाली भीड़ को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है। मंदिर प्रशासन ने पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था न होने की बात कही है।
सरकारी प्रतिक्रिया
- मुख्यमंत्री का बयान: सीएम नायडू ने ट्वीट कर कहा, “श्रीकाकुलम जिले के काशीबुग्गा में वेंकटेश्वर मंदिर में भगदड़ की घटना ने स्तब्ध कर दिया है। श्रद्धालुओं की मौत बेहद दुखद है। मैं मृतकों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं। अधिकारियों को तत्काल राहत और जांच के निर्देश दिए गए हैं।” उन्होंने प्रत्येक मृतक के परिवार को 5 लाख रुपये की सहायता राशि की घोषणा की है।
- मंत्री का दौरा: कृषि मंत्री क. अटन्ना अयडू ने घटनास्थल का दौरा किया और घायलों से मुलाकात की। पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने मंदिर क्षेत्र को सील कर दिया है।
- केंद्रीय स्तर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी शोक व्यक्त किया और राज्य सरकार को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।
पृष्ठभूमि और समान घटनाएंयह घटना आंध्र प्रदेश में मंदिरों में होने वाली भगदड़ की एक और कड़ी है। जनवरी 2025 में तिरुपति के प्रसिद्ध वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर में वैकुंठ एकादशी के दौरान भी भगदड़ हुई थी, जिसमें 6 लोगों की मौत हुई थी। तब भी भीड़ प्रबंधन पर सवाल उठे थे। श्रीकाकुलम का यह मंदिर स्थानीय स्तर पर लोकप्रिय है, खासकर एकादशी और त्योहारों पर।प्रभावित परिवारों के लिए अपील
- घायलों के परिजन श्रीकाकुलम जिला अस्पताल या हेल्पलाइन नंबर (1077 या स्थानीय पुलिस) पर संपर्क कर सकते हैं।
- मंदिर दर्शन के लिए फिलहाल प्रतिबंध लगा दिया गया है।
यह हादसा धार्मिक उत्साह के बीच सुरक्षा व्यवस्था की कमियों को उजागर करता है।















